
कोरबा। युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय, भारत सरकार के ‘मेरा युवा भारत’ पहल के अंतर्गत ‘विकसित भारत यंग लीडर्स डायलॉग’ कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य देश के युवाओं को ऐसा मंच प्रदान करना है, जहाँ वे देश के शीर्ष नेतृत्व के साथ संवाद स्थापित कर सकें और विकसित भारत के निर्माण में अपने विचारों एवं दृष्टिकोण को साझा कर सकें।
इस संबंध में आज तिलक भवन में आयोजित प्रेस वार्ता में माय भारत युवा कार्यक्रम के जिला युवा अधिकारी सुश्री ईशा गौतम ने बताया कि विकसित भारत यंग लीडर्स डायलॉग के अंतर्गत कुल 6 अलग-अलग ट्रैक शामिल हैं, जिनमें से एक प्रमुख ट्रैक ‘विकसित भारत चैलेंज’ है। यह प्रतियोगिता कुल 5 चरणों में आयोजित की जा रही है।
प्रतियोगिता के प्रमुख चरण व प्रक्रिया में पहला चरण (क्विज प्रतियोगिता) है, इस चरण में अवेयरनेस (जागरूकता) फैलाने और युवाओं की अधिकतम सहभागिता सुनिश्चित करने पर ध्यान केंद्रित किया गया है। 15 से 29 वर्ष के युवा इस प्रतियोगिता में भाग ले सकते हैं। युवाओं को पोर्टल पर लॉगिन या पंजीकरण करना होगा। पोर्टल पर लॉगिन करते ही युवाओं को क्विज में भाग लेने का विकल्प मिलेगा। क्विज में कुल 20 प्रश्न होंगे, जिन्हें हल करने के लिए लगभग 10 मिनट का समय मिलेगा। क्विज के माध्यम से ऑनलाइन चयनित अभ्यर्थियों कोपोर्टल पर डिजिटल फॉर्मेट में निबंध प्रस्तुत करना होगा। छत्तीसगढ़ के लिए निबंध का प्रमुख विषय (जनजातीय समुदाय एवं समावेशी विकास) रखा गया है। तीसरा चरण (जिला स्तरीय प्रस्तुतिकरण में निबंध लेखन के आधार पर जिला स्तर पर 50 युवाओं का चयन किया जाएगा। जिला प्रशासन के सहयोग से आयोजित प्रतियोगिता में यह चयनित 50 युवा अपने निबंध के विषय पर प्रस्तुति () देंगे। चौथा एवं पांचवा चरण में जिला स्तर के बाद नवंबर-दिसंबर माह में राज्य स्तरीय प्रतियोगिता का आयोजन होगा। संपूर्ण छत्तीसगढ़ राज्य से कुल 45 युवाओं का चयन किया जाएगा। चयनित युवा 12 जनवरी (राष्ट्रीय युवा दिवस) के अवसर पर भारत मंडपम, नई दिल्ली में आयोजित होने वाले राष्ट्रीय स्तर के मुख्य कार्यक्रम में भाग लेंगे और देश के शीर्ष नेतृत्व के समक्ष अपनी प्रस्तुति देंगे।: जिला युवा अधिकारी ने जानकारी दी कि कोरबा जिले से 17,357 युवाओं को इस क्विज प्रतियोगिता में शामिल कराने का लक्ष्य रखा गया है। इसके पूर्व,पोर्टल पर पंजीयन के निर्धारित 56,000 के लक्ष्य के मुकाबले जिले में 49,000 से अधिक युवा सफलतापूर्वक पंजीकृत हो चुके हैं।





